दैनिक पंचांग
वाराणसी पंचांग, सोम, 27 फ़रवरी 2034
सोम, 27 फ़रवरी 2034 को वाराणसी में सूर्योदय सुबह 6:23 पर और सूर्यास्त शाम 5:58 पर होगा। सूर्योदय के समय तिथि नवमी है, जो सुबह 7:45 तक रहेगी, और नक्षत्र मृगशिरा है, जो दोपहर 3:34 तक रहेगा। योग विष्कम्भ और करण कौलव है। राहु काल सुबह 7:50 – सुबह 9:17 रहेगा, इसलिए परंपरा के अनुसार इस समय कोई नया शुभ कार्य आरंभ न करें; पूजा, जप और दान के लिए सूर्योदय के बाद का समय उत्तम माना जाता है।
- सूर्योदय
- सुबह 6:23
- सूर्यास्त
- शाम 5:58
- तिथि
- नवमी · सुबह 7:45 तक
- नक्षत्र
- मृगशिरा · दोपहर 3:34 तक
- योग
- विष्कम्भ
- करण
- कौलव
- वार
- सोमवार
- राहु काल
- सुबह 7:50 – सुबह 9:17
- यमगंड
- सुबह 10:43 – दोपहर 12:10
- गुलिक काल
- दोपहर 1:37 – दोपहर 3:04
- अभिजीत मुहूर्त
- सुबह 11:41 – दोपहर 12:29
- अमृत काल
- सुबह 7:06 – सुबह 8:33
आज वाराणसी में
सोम, 27 फ़रवरी 2034 को वाराणसी में सूर्योदय सुबह 6:23 पर और सूर्यास्त शाम 5:58 पर होगा। सूर्योदय के समय तिथि नवमी है, जो सुबह 7:45 तक रहेगी, और नक्षत्र मृगशिरा है, जो दोपहर 3:34 तक रहेगा। योग विष्कम्भ और करण कौलव है। राहु काल सुबह 7:50 – सुबह 9:17 रहेगा, इसलिए परंपरा के अनुसार इस समय कोई नया शुभ कार्य आरंभ न करें; पूजा, जप और दान के लिए सूर्योदय के बाद का समय उत्तम माना जाता है।
ये समय कैसे निकाले जाते हैं
इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल वाराणसी के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।
| तिथि (दिनांक) | तिथि | नक्षत्र | राहु काल |
|---|---|---|---|
| मंगल, 28 फ़रवरी 2034 | दशमी | आर्द्रा | दोपहर 3:05 – शाम 4:32 |
| बुध, 1 मार्च 2034 | एकादशी | पुनर्वसु | दोपहर 12:10 – दोपहर 1:37 |
| गुरु, 2 मार्च 2034 | द्वादशी | पुष्य | दोपहर 1:37 – दोपहर 3:05 |
| शुक्र, 3 मार्च 2034 | त्रयोदशी | आश्लेषा | सुबह 10:42 – दोपहर 12:10 |
| शनि, 4 मार्च 2034 | चतुर्दशी | मघा | सुबह 9:14 – सुबह 10:42 |
| रवि, 5 मार्च 2034 | पूर्णिमा | पूर्वा फाल्गुनी | शाम 4:33 – शाम 6:02 |
सामान्य प्रश्न
सोम, 27 फ़रवरी 2034 को वाराणसी में कौन सी तिथि है?
सूर्योदय पर तिथि नवमी है; सुबह 7:45 तक।
सोम, 27 फ़रवरी 2034 को वाराणसी में कौन सा नक्षत्र है?
सूर्योदय पर नक्षत्र मृगशिरा है; दोपहर 3:34 तक।
सोम, 27 फ़रवरी 2034 को वाराणसी में राहु काल कब है?
वाराणसी में राहु काल सुबह 7:50 – सुबह 9:17 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।
सोम, 27 फ़रवरी 2034 को वाराणसी में सूर्योदय कब है?
सूर्योदय सुबह 6:23 और सूर्यास्त शाम 5:58 पर है।
शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?
सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।
कौन सा अयनांश उपयोग होता है?
अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।
क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?
हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।
क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?
ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।