सामग्री पर जाएँ

दैनिक पंचांग

सूरत पंचांग, शुक्र, 17 अगस्त 2029

शुक्र, 17 अगस्त 2029 को सूरत में सूर्योदय सुबह 6:17 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि अष्टमी, नक्षत्र विशाखा, योग शुक्ल और करण बव है। राहु काल सुबह 11:06 – दोपहर 12:42 है।

सूर्योदय
सुबह 6:17
सूर्यास्त
रात 7:07
तिथि
अष्टमी · सुबह 11:28 तक
नक्षत्र
विशाखा · सुबह 6:15 तक
योग
शुक्ल
करण
बव
वार
शुक्रवार
राहु काल
सुबह 11:06 – दोपहर 12:42
यमगंड
दोपहर 3:54 – शाम 5:31
गुलिक काल
सुबह 7:54 – सुबह 9:30
अभिजीत मुहूर्त
दोपहर 12:10 – दोपहर 12:58
अमृत काल
दोपहर 1:30 – दोपहर 3:06

पूरा पंचांग खोलें

आज सूरत में

शुक्र, 17 अगस्त 2029 को सूरत में सूर्योदय सुबह 6:17 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि अष्टमी, नक्षत्र विशाखा, योग शुक्ल और करण बव है। राहु काल सुबह 11:06 – दोपहर 12:42 है।

ये समय कैसे निकाले जाते हैं

इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल सूरत के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।

सूरत – अगले छह दिन
तिथि (दिनांक)तिथिनक्षत्रराहु काल
शनि, 18 अगस्त 2029नवमीज्येष्ठासुबह 9:30 – सुबह 11:06
रवि, 19 अगस्त 2029दशमीमूलशाम 5:29 – रात 7:05
सोम, 20 अगस्त 2029एकादशीपूर्वाषाढ़ासुबह 7:54 – सुबह 9:30
मंगल, 21 अगस्त 2029द्वादशीउत्तराषाढ़ादोपहर 3:52 – शाम 5:28
बुध, 22 अगस्त 2029त्रयोदशीश्रवणदोपहर 12:41 – दोपहर 2:16
गुरु, 23 अगस्त 2029चतुर्दशीश्रवणदोपहर 2:16 – दोपहर 3:51

सामान्य प्रश्न

शुक्र, 17 अगस्त 2029 को सूरत में कौन सी तिथि है?

सूर्योदय पर तिथि अष्टमी है; सुबह 11:28 तक।

शुक्र, 17 अगस्त 2029 को सूरत में कौन सा नक्षत्र है?

सूर्योदय पर नक्षत्र विशाखा है; सुबह 6:15 तक।

शुक्र, 17 अगस्त 2029 को सूरत में राहु काल कब है?

सूरत में राहु काल सुबह 11:06 – दोपहर 12:42 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।

शुक्र, 17 अगस्त 2029 को सूरत में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय सुबह 6:17 और सूर्यास्त रात 7:07 पर है।

शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?

सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।

कौन सा अयनांश उपयोग होता है?

अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।

क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?

हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।

क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?

ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।