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दैनिक पंचांग

भुवनेश्वर पंचांग, सोम, 11 जून 2029

सोम, 11 जून 2029 को भुवनेश्वर में सूर्योदय तड़के 5:06 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि चतुर्दशी, नक्षत्र रोहिणी, योग सुकर्मा और करण शकुनि है। राहु काल सुबह 6:46 – सुबह 8:26 है।

सूर्योदय
तड़के 5:06
सूर्यास्त
शाम 6:26
तिथि
चतुर्दशी · सुबह 8:17 तक
नक्षत्र
रोहिणी · रात 1:54 तक
योग
सुकर्मा
करण
शकुनि
वार
सोमवार
राहु काल
सुबह 6:46 – सुबह 8:26
यमगंड
सुबह 10:06 – सुबह 11:46
गुलिक काल
दोपहर 1:26 – दोपहर 3:06
अभिजीत मुहूर्त
सुबह 11:13 – दोपहर 12:01
अमृत काल
तड़के 5:56 – सुबह 7:36

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आज भुवनेश्वर में

सोम, 11 जून 2029 को भुवनेश्वर में सूर्योदय तड़के 5:06 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि चतुर्दशी, नक्षत्र रोहिणी, योग सुकर्मा और करण शकुनि है। राहु काल सुबह 6:46 – सुबह 8:26 है।

ये समय कैसे निकाले जाते हैं

इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल भुवनेश्वर के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।

भुवनेश्वर – अगले छह दिन
तिथि (दिनांक)तिथिनक्षत्रराहु काल
मंगल, 12 जून 2029अमावस्यामृगशिरादोपहर 3:06 – शाम 4:46
बुध, 13 जून 2029प्रतिपदाआर्द्रासुबह 11:46 – दोपहर 1:26
गुरु, 14 जून 2029द्वितीयापुनर्वसुदोपहर 1:27 – दोपहर 3:07
शुक्र, 15 जून 2029तृतीयापुष्यसुबह 10:07 – सुबह 11:47
शनि, 16 जून 2029चतुर्थीआश्लेषासुबह 8:27 – सुबह 10:07
रवि, 17 जून 2029पंचमीमघाशाम 4:48 – शाम 6:28

सामान्य प्रश्न

सोम, 11 जून 2029 को भुवनेश्वर में कौन सी तिथि है?

सूर्योदय पर तिथि चतुर्दशी है; सुबह 8:17 तक।

सोम, 11 जून 2029 को भुवनेश्वर में कौन सा नक्षत्र है?

सूर्योदय पर नक्षत्र रोहिणी है; रात 1:54 तक।

सोम, 11 जून 2029 को भुवनेश्वर में राहु काल कब है?

भुवनेश्वर में राहु काल सुबह 6:46 – सुबह 8:26 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।

सोम, 11 जून 2029 को भुवनेश्वर में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय तड़के 5:06 और सूर्यास्त शाम 6:26 पर है।

शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?

सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।

कौन सा अयनांश उपयोग होता है?

अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।

क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?

हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।

क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?

ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।