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दैनिक पंचांग

बेंगलुरु पंचांग, शुक्र, 1 अप्रैल 2033

शुक्र, 1 अप्रैल 2033 को बेंगलुरु में सूर्योदय सुबह 6:15 पर और सूर्यास्त शाम 6:31 पर होगा। सूर्योदय के समय तिथि द्वितीया है, जो शाम 4:25 तक रहेगी, और नक्षत्र अश्विनी है, जो रात 7:02 तक रहेगा। योग इन्द्र और करण बालव है। राहु काल सुबह 10:51 – दोपहर 12:23 रहेगा, इसलिए परंपरा के अनुसार इस समय कोई नया शुभ कार्य आरंभ न करें; पूजा, जप और दान के लिए सूर्योदय के बाद का समय उत्तम माना जाता है।

सूर्योदय
सुबह 6:15
सूर्यास्त
शाम 6:31
तिथि
द्वितीया · शाम 4:25 तक
नक्षत्र
अश्विनी · रात 7:02 तक
योग
इन्द्र
करण
बालव
वार
शुक्रवार
राहु काल
सुबह 10:51 – दोपहर 12:23
यमगंड
दोपहर 3:27 – शाम 4:59
गुलिक काल
सुबह 7:47 – सुबह 9:19
अभिजीत मुहूर्त
सुबह 11:52 – दोपहर 12:40
अमृत काल
दोपहर 1:09 – दोपहर 2:41

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आज बेंगलुरु में

शुक्र, 1 अप्रैल 2033 को बेंगलुरु में सूर्योदय सुबह 6:15 पर और सूर्यास्त शाम 6:31 पर होगा। सूर्योदय के समय तिथि द्वितीया है, जो शाम 4:25 तक रहेगी, और नक्षत्र अश्विनी है, जो रात 7:02 तक रहेगा। योग इन्द्र और करण बालव है। राहु काल सुबह 10:51 – दोपहर 12:23 रहेगा, इसलिए परंपरा के अनुसार इस समय कोई नया शुभ कार्य आरंभ न करें; पूजा, जप और दान के लिए सूर्योदय के बाद का समय उत्तम माना जाता है।

ये समय कैसे निकाले जाते हैं

इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल बेंगलुरु के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।

बेंगलुरु – अगले छह दिन
तिथि (दिनांक)तिथिनक्षत्रराहु काल
शनि, 2 अप्रैल 2033तृतीयाभरणीसुबह 9:19 – सुबह 10:51
रवि, 3 अप्रैल 2033चतुर्थीकृत्तिकाशाम 4:59 – शाम 6:31
सोम, 4 अप्रैल 2033पंचमीरोहिणीसुबह 7:46 – सुबह 9:18
मंगल, 5 अप्रैल 2033षष्ठीमृगशिरादोपहर 3:26 – शाम 4:59
बुध, 6 अप्रैल 2033सप्तमीआर्द्रादोपहर 12:22 – दोपहर 1:54
गुरु, 7 अप्रैल 2033अष्टमीपुनर्वसुदोपहर 1:54 – दोपहर 3:26

सामान्य प्रश्न

शुक्र, 1 अप्रैल 2033 को बेंगलुरु में कौन सी तिथि है?

सूर्योदय पर तिथि द्वितीया है; शाम 4:25 तक।

शुक्र, 1 अप्रैल 2033 को बेंगलुरु में कौन सा नक्षत्र है?

सूर्योदय पर नक्षत्र अश्विनी है; रात 7:02 तक।

शुक्र, 1 अप्रैल 2033 को बेंगलुरु में राहु काल कब है?

बेंगलुरु में राहु काल सुबह 10:51 – दोपहर 12:23 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।

शुक्र, 1 अप्रैल 2033 को बेंगलुरु में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय सुबह 6:15 और सूर्यास्त शाम 6:31 पर है।

शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?

सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।

कौन सा अयनांश उपयोग होता है?

अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।

क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?

हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।

क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?

ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।