दैनिक पंचांग
बेंगलुरु पंचांग, शुक्र, 4 जनवरी 2030
शुक्र, 4 जनवरी 2030 को बेंगलुरु में सूर्योदय सुबह 6:42 पर और सूर्यास्त शाम 6:06 पर होगा। सूर्योदय के समय तिथि अमावस्या है, जो सुबह 8:19 तक रहेगी, और नक्षत्र पूर्वाषाढ़ा है, जो रात 8:22 तक रहेगा। योग वृद्धि और करण नाग है। राहु काल सुबह 10:59 – दोपहर 12:24 रहेगा, इसलिए परंपरा के अनुसार इस समय कोई नया शुभ कार्य आरंभ न करें; पूजा, जप और दान के लिए सूर्योदय के बाद का समय उत्तम माना जाता है।
- सूर्योदय
- सुबह 6:42
- सूर्यास्त
- शाम 6:06
- तिथि
- अमावस्या · सुबह 8:19 तक
- नक्षत्र
- पूर्वाषाढ़ा · रात 8:22 तक
- योग
- वृद्धि
- करण
- नाग
- वार
- शुक्रवार
- राहु काल
- सुबह 10:59 – दोपहर 12:24
- यमगंड
- दोपहर 3:15 – शाम 4:40
- गुलिक काल
- सुबह 8:08 – सुबह 9:33
- अभिजीत मुहूर्त
- सुबह 11:56 – दोपहर 12:44
- अमृत काल
- दोपहर 1:07 – दोपहर 2:32
आज बेंगलुरु में
शुक्र, 4 जनवरी 2030 को बेंगलुरु में सूर्योदय सुबह 6:42 पर और सूर्यास्त शाम 6:06 पर होगा। सूर्योदय के समय तिथि अमावस्या है, जो सुबह 8:19 तक रहेगी, और नक्षत्र पूर्वाषाढ़ा है, जो रात 8:22 तक रहेगा। योग वृद्धि और करण नाग है। राहु काल सुबह 10:59 – दोपहर 12:24 रहेगा, इसलिए परंपरा के अनुसार इस समय कोई नया शुभ कार्य आरंभ न करें; पूजा, जप और दान के लिए सूर्योदय के बाद का समय उत्तम माना जाता है।
ये समय कैसे निकाले जाते हैं
इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल बेंगलुरु के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।
| तिथि (दिनांक) | तिथि | नक्षत्र | राहु काल |
|---|---|---|---|
| शनि, 5 जनवरी 2030 | प्रतिपदा | उत्तराषाढ़ा | सुबह 9:34 – सुबह 10:59 |
| रवि, 6 जनवरी 2030 | तृतीया | श्रवण | शाम 4:41 – शाम 6:07 |
| सोम, 7 जनवरी 2030 | चतुर्थी | धनिष्ठा | सुबह 8:09 – सुबह 9:34 |
| मंगल, 8 जनवरी 2030 | पंचमी | शतभिषा | दोपहर 3:17 – शाम 4:42 |
| बुध, 9 जनवरी 2030 | षष्ठी | पूर्वा भाद्रपद | दोपहर 12:26 – दोपहर 1:52 |
| गुरु, 10 जनवरी 2030 | सप्तमी | उत्तरा भाद्रपद | दोपहर 1:52 – दोपहर 3:18 |
सामान्य प्रश्न
शुक्र, 4 जनवरी 2030 को बेंगलुरु में कौन सी तिथि है?
सूर्योदय पर तिथि अमावस्या है; सुबह 8:19 तक।
शुक्र, 4 जनवरी 2030 को बेंगलुरु में कौन सा नक्षत्र है?
सूर्योदय पर नक्षत्र पूर्वाषाढ़ा है; रात 8:22 तक।
शुक्र, 4 जनवरी 2030 को बेंगलुरु में राहु काल कब है?
बेंगलुरु में राहु काल सुबह 10:59 – दोपहर 12:24 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।
शुक्र, 4 जनवरी 2030 को बेंगलुरु में सूर्योदय कब है?
सूर्योदय सुबह 6:42 और सूर्यास्त शाम 6:06 पर है।
शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?
सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।
कौन सा अयनांश उपयोग होता है?
अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।
क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?
हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।
क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?
ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।