सामग्री पर जाएँ

दैनिक पंचांग

अहमदाबाद पंचांग, शुक्र, 6 सितंबर 2030

शुक्र, 6 सितंबर 2030 को अहमदाबाद में सूर्योदय सुबह 6:23 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि नवमी, नक्षत्र मूल, योग विष्कम्भ और करण कौलव है। राहु काल सुबह 11:04 – दोपहर 12:37 है।

सूर्योदय
सुबह 6:23
सूर्यास्त
शाम 6:52
तिथि
नवमी · दोपहर 12:19 तक
नक्षत्र
मूल · रात 10:19 तक
योग
विष्कम्भ
करण
कौलव
वार
शुक्रवार
राहु काल
सुबह 11:04 – दोपहर 12:37
यमगंड
दोपहर 3:45 – शाम 5:18
गुलिक काल
सुबह 7:57 – सुबह 9:30
अभिजीत मुहूर्त
दोपहर 12:06 – दोपहर 12:54
अमृत काल
दोपहर 1:24 – दोपहर 2:58

पूरा पंचांग खोलें

आज अहमदाबाद में

शुक्र, 6 सितंबर 2030 को अहमदाबाद में सूर्योदय सुबह 6:23 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि नवमी, नक्षत्र मूल, योग विष्कम्भ और करण कौलव है। राहु काल सुबह 11:04 – दोपहर 12:37 है।

ये समय कैसे निकाले जाते हैं

इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल अहमदाबाद के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।

अहमदाबाद – अगले छह दिन
तिथि (दिनांक)तिथिनक्षत्रराहु काल
शनि, 7 सितंबर 2030दशमीपूर्वाषाढ़ासुबह 9:30 – सुबह 11:04
रवि, 8 सितंबर 2030एकादशीउत्तराषाढ़ाशाम 5:17 – शाम 6:50
सोम, 9 सितंबर 2030द्वादशीश्रवणसुबह 7:57 – सुबह 9:30
मंगल, 10 सितंबर 2030चतुर्दशीधनिष्ठादोपहर 3:42 – शाम 5:15
बुध, 11 सितंबर 2030पूर्णिमाशतभिषादोपहर 12:36 – दोपहर 2:09
गुरु, 12 सितंबर 2030प्रतिपदापूर्वा भाद्रपददोपहर 2:08 – दोपहर 3:41

सामान्य प्रश्न

शुक्र, 6 सितंबर 2030 को अहमदाबाद में कौन सी तिथि है?

सूर्योदय पर तिथि नवमी है; दोपहर 12:19 तक।

शुक्र, 6 सितंबर 2030 को अहमदाबाद में कौन सा नक्षत्र है?

सूर्योदय पर नक्षत्र मूल है; रात 10:19 तक।

शुक्र, 6 सितंबर 2030 को अहमदाबाद में राहु काल कब है?

अहमदाबाद में राहु काल सुबह 11:04 – दोपहर 12:37 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।

शुक्र, 6 सितंबर 2030 को अहमदाबाद में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय सुबह 6:23 और सूर्यास्त शाम 6:52 पर है।

शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?

सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।

कौन सा अयनांश उपयोग होता है?

अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।

क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?

हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।

क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?

ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।