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दैनिक पंचांग

उज्जैन पंचांग, शुक्र, 28 नवंबर 2031

शुक्र, 28 नवंबर 2031 को उज्जैन में सूर्योदय सुबह 6:48 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि पूर्णिमा, नक्षत्र कृत्तिका, योग वरीयान और करण विष्टि है। राहु काल सुबह 10:53 – दोपहर 12:14 है।

सूर्योदय
सुबह 6:48
सूर्यास्त
शाम 5:40
तिथि
पूर्णिमा · तड़के 4:48 तक
नक्षत्र
कृत्तिका · रात 12:32 तक
योग
वरीयान
करण
विष्टि
वार
शुक्रवार
राहु काल
सुबह 10:53 – दोपहर 12:14
यमगंड
दोपहर 2:57 – शाम 4:18
गुलिक काल
सुबह 8:10 – सुबह 9:31
अभिजीत मुहूर्त
सुबह 11:47 – दोपहर 12:35
अमृत काल
दोपहर 12:55 – दोपहर 2:16

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आज उज्जैन में

शुक्र, 28 नवंबर 2031 को उज्जैन में सूर्योदय सुबह 6:48 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि पूर्णिमा, नक्षत्र कृत्तिका, योग वरीयान और करण विष्टि है। राहु काल सुबह 10:53 – दोपहर 12:14 है।

ये समय कैसे निकाले जाते हैं

इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल उज्जैन के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।

उज्जैन – अगले छह दिन
तिथि (दिनांक)तिथिनक्षत्रराहु काल
शनि, 29 नवंबर 2031प्रतिपदारोहिणीसुबह 9:32 – सुबह 10:53
रवि, 30 नवंबर 2031प्रतिपदामृगशिराशाम 4:18 – शाम 5:40
सोम, 1 दिसंबर 2031द्वितीयाआर्द्रासुबह 8:12 – सुबह 9:33
मंगल, 2 दिसंबर 2031तृतीयाआर्द्रादोपहर 2:58 – शाम 4:19
बुध, 3 दिसंबर 2031चतुर्थीपुनर्वसुदोपहर 12:16 – दोपहर 1:37
गुरु, 4 दिसंबर 2031पंचमीपुष्यदोपहर 1:37 – दोपहर 2:58

सामान्य प्रश्न

शुक्र, 28 नवंबर 2031 को उज्जैन में कौन सी तिथि है?

सूर्योदय पर तिथि पूर्णिमा है; तड़के 4:48 तक।

शुक्र, 28 नवंबर 2031 को उज्जैन में कौन सा नक्षत्र है?

सूर्योदय पर नक्षत्र कृत्तिका है; रात 12:32 तक।

शुक्र, 28 नवंबर 2031 को उज्जैन में राहु काल कब है?

उज्जैन में राहु काल सुबह 10:53 – दोपहर 12:14 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।

शुक्र, 28 नवंबर 2031 को उज्जैन में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय सुबह 6:48 और सूर्यास्त शाम 5:40 पर है।

शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?

सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।

कौन सा अयनांश उपयोग होता है?

अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।

क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?

हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।

क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?

ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।