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दैनिक पंचांग

तंजावुर पंचांग, सोम, 30 जून 2031

सोम, 30 जून 2031 को तंजावुर में सूर्योदय तड़के 5:54 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि दशमी, नक्षत्र स्वाती, योग परिघ और करण गर है। राहु काल सुबह 7:30 – सुबह 9:05 है।

सूर्योदय
तड़के 5:54
सूर्यास्त
शाम 6:39
तिथि
दशमी · दोपहर 3:57 तक
नक्षत्र
स्वाती · रात 1:58 तक
योग
परिघ
करण
गर
वार
सोमवार
राहु काल
सुबह 7:30 – सुबह 9:05
यमगंड
सुबह 10:41 – दोपहर 12:17
गुलिक काल
दोपहर 1:52 – दोपहर 3:28
अभिजीत मुहूर्त
सुबह 11:45 – दोपहर 12:33
अमृत काल
सुबह 6:42 – सुबह 8:18

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आज तंजावुर में

सोम, 30 जून 2031 को तंजावुर में सूर्योदय तड़के 5:54 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि दशमी, नक्षत्र स्वाती, योग परिघ और करण गर है। राहु काल सुबह 7:30 – सुबह 9:05 है।

ये समय कैसे निकाले जाते हैं

इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल तंजावुर के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।

तंजावुर – अगले छह दिन
तिथि (दिनांक)तिथिनक्षत्रराहु काल
मंगल, 1 जुलाई 2031एकादशीविशाखादोपहर 3:28 – शाम 5:04
बुध, 2 जुलाई 2031द्वादशीअनुराधादोपहर 12:17 – दोपहर 1:53
गुरु, 3 जुलाई 2031त्रयोदशीज्येष्ठादोपहर 1:53 – दोपहर 3:28
शुक्र, 4 जुलाई 2031पूर्णिमामूलसुबह 10:42 – दोपहर 12:17
शनि, 5 जुलाई 2031प्रतिपदापूर्वाषाढ़ासुबह 9:06 – सुबह 10:42
रवि, 6 जुलाई 2031द्वितीयाउत्तराषाढ़ाशाम 5:04 – शाम 6:40

सामान्य प्रश्न

सोम, 30 जून 2031 को तंजावुर में कौन सी तिथि है?

सूर्योदय पर तिथि दशमी है; दोपहर 3:57 तक।

सोम, 30 जून 2031 को तंजावुर में कौन सा नक्षत्र है?

सूर्योदय पर नक्षत्र स्वाती है; रात 1:58 तक।

सोम, 30 जून 2031 को तंजावुर में राहु काल कब है?

तंजावुर में राहु काल सुबह 7:30 – सुबह 9:05 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।

सोम, 30 जून 2031 को तंजावुर में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय तड़के 5:54 और सूर्यास्त शाम 6:39 पर है।

शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?

सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।

कौन सा अयनांश उपयोग होता है?

अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।

क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?

हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।

क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?

ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।