दैनिक पंचांग
तंजावुर पंचांग, बुध, 28 नवंबर 2029
बुध, 28 नवंबर 2029 को तंजावुर में सूर्योदय सुबह 6:14 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि सप्तमी, नक्षत्र आश्लेषा, योग ब्रह्म और करण विष्टि है। राहु काल दोपहर 12:01 – दोपहर 1:28 है।
- सूर्योदय
- सुबह 6:14
- सूर्यास्त
- शाम 5:48
- तिथि
- सप्तमी · शाम 5:45 तक
- नक्षत्र
- आश्लेषा · सुबह 6:26 तक
- योग
- ब्रह्म
- करण
- विष्टि
- वार
- बुधवार
- राहु काल
- दोपहर 12:01 – दोपहर 1:28
- यमगंड
- सुबह 7:41 – सुबह 9:08
- गुलिक काल
- सुबह 10:34 – दोपहर 12:01
- अभिजीत मुहूर्त
- सुबह 11:32 – दोपहर 12:20
- अमृत काल
- सुबह 9:51 – सुबह 11:18
आज तंजावुर में
बुध, 28 नवंबर 2029 को तंजावुर में सूर्योदय सुबह 6:14 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि सप्तमी, नक्षत्र आश्लेषा, योग ब्रह्म और करण विष्टि है। राहु काल दोपहर 12:01 – दोपहर 1:28 है।
ये समय कैसे निकाले जाते हैं
इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल तंजावुर के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।
| तिथि (दिनांक) | तिथि | नक्षत्र | राहु काल |
|---|---|---|---|
| गुरु, 29 नवंबर 2029 | अष्टमी | मघा | दोपहर 1:28 – दोपहर 2:54 |
| शुक्र, 30 नवंबर 2029 | नवमी | पूर्वा फाल्गुनी | सुबह 10:35 – दोपहर 12:02 |
| शनि, 1 दिसंबर 2029 | दशमी | हस्त | सुबह 9:09 – सुबह 10:35 |
| रवि, 2 दिसंबर 2029 | एकादशी | चित्रा | शाम 4:22 – शाम 5:48 |
| सोम, 3 दिसंबर 2029 | द्वादशी | स्वाती | सुबह 7:43 – सुबह 9:10 |
| मंगल, 4 दिसंबर 2029 | चतुर्दशी | विशाखा | दोपहर 2:56 – शाम 4:23 |
सामान्य प्रश्न
बुध, 28 नवंबर 2029 को तंजावुर में कौन सी तिथि है?
सूर्योदय पर तिथि सप्तमी है; शाम 5:45 तक।
बुध, 28 नवंबर 2029 को तंजावुर में कौन सा नक्षत्र है?
सूर्योदय पर नक्षत्र आश्लेषा है; सुबह 6:26 तक।
बुध, 28 नवंबर 2029 को तंजावुर में राहु काल कब है?
तंजावुर में राहु काल दोपहर 12:01 – दोपहर 1:28 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।
बुध, 28 नवंबर 2029 को तंजावुर में सूर्योदय कब है?
सूर्योदय सुबह 6:14 और सूर्यास्त शाम 5:48 पर है।
शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?
सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।
कौन सा अयनांश उपयोग होता है?
अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।
क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?
हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।
क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?
ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।