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दैनिक पंचांग

पुणे पंचांग, सोम, 29 जुलाई 2030

सोम, 29 जुलाई 2030 को पुणे में सूर्योदय सुबह 6:11 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि चतुर्दशी, नक्षत्र पुनर्वसु, योग व्याघात और करण शकुनि है। राहु काल सुबह 7:48 – सुबह 9:26 है।

सूर्योदय
सुबह 6:11
सूर्यास्त
रात 7:10
तिथि
चतुर्दशी · दोपहर 3:45 तक
नक्षत्र
पुनर्वसु · रात 10:02 तक
योग
व्याघात
करण
शकुनि
वार
सोमवार
राहु काल
सुबह 7:48 – सुबह 9:26
यमगंड
सुबह 11:03 – दोपहर 12:40
गुलिक काल
दोपहर 2:18 – दोपहर 3:55
अभिजीत मुहूर्त
दोपहर 12:08 – दोपहर 12:56
अमृत काल
सुबह 6:59 – सुबह 8:37

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आज पुणे में

सोम, 29 जुलाई 2030 को पुणे में सूर्योदय सुबह 6:11 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि चतुर्दशी, नक्षत्र पुनर्वसु, योग व्याघात और करण शकुनि है। राहु काल सुबह 7:48 – सुबह 9:26 है।

ये समय कैसे निकाले जाते हैं

इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल पुणे के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।

पुणे – अगले छह दिन
तिथि (दिनांक)तिथिनक्षत्रराहु काल
मंगल, 30 जुलाई 2030अमावस्यापुष्यदोपहर 3:55 – शाम 5:32
बुध, 31 जुलाई 2030प्रतिपदाआश्लेषादोपहर 12:40 – दोपहर 2:18
गुरु, 1 अगस्त 2030द्वितीयामघादोपहर 2:18 – दोपहर 3:55
शुक्र, 2 अगस्त 2030तृतीयापूर्वा फाल्गुनीसुबह 11:03 – दोपहर 12:40
शनि, 3 अगस्त 2030चतुर्थीउत्तरा फाल्गुनीसुबह 9:26 – सुबह 11:03
रवि, 4 अगस्त 2030पंचमीहस्तशाम 5:31 – रात 7:08

सामान्य प्रश्न

सोम, 29 जुलाई 2030 को पुणे में कौन सी तिथि है?

सूर्योदय पर तिथि चतुर्दशी है; दोपहर 3:45 तक।

सोम, 29 जुलाई 2030 को पुणे में कौन सा नक्षत्र है?

सूर्योदय पर नक्षत्र पुनर्वसु है; रात 10:02 तक।

सोम, 29 जुलाई 2030 को पुणे में राहु काल कब है?

पुणे में राहु काल सुबह 7:48 – सुबह 9:26 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।

सोम, 29 जुलाई 2030 को पुणे में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय सुबह 6:11 और सूर्यास्त रात 7:10 पर है।

शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?

सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।

कौन सा अयनांश उपयोग होता है?

अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।

क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?

हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।

क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?

ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।