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दैनिक पंचांग

पुणे पंचांग, शनि, 27 अप्रैल 2030

शनि, 27 अप्रैल 2030 को पुणे में सूर्योदय सुबह 6:09 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि दशमी, नक्षत्र शतभिषा, योग शुक्ल और करण विष्टि है। राहु काल सुबह 9:21 – सुबह 10:56 है।

सूर्योदय
सुबह 6:09
सूर्यास्त
शाम 6:54
तिथि
दशमी · सुबह 11:41 तक
नक्षत्र
शतभिषा · रात 1:25 तक
योग
शुक्ल
करण
विष्टि
वार
शनिवार
राहु काल
सुबह 9:21 – सुबह 10:56
यमगंड
दोपहर 2:08 – दोपहर 3:43
गुलिक काल
सुबह 6:09 – सुबह 7:45
अभिजीत मुहूर्त
दोपहर 12:00 – दोपहर 12:48
अमृत काल
दोपहर 2:55 – शाम 4:31

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आज पुणे में

शनि, 27 अप्रैल 2030 को पुणे में सूर्योदय सुबह 6:09 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि दशमी, नक्षत्र शतभिषा, योग शुक्ल और करण विष्टि है। राहु काल सुबह 9:21 – सुबह 10:56 है।

ये समय कैसे निकाले जाते हैं

इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल पुणे के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।

पुणे – अगले छह दिन
तिथि (दिनांक)तिथिनक्षत्रराहु काल
रवि, 28 अप्रैल 2030एकादशीपूर्वा भाद्रपदशाम 5:19 – शाम 6:55
सोम, 29 अप्रैल 2030द्वादशीउत्तरा भाद्रपदसुबह 7:44 – सुबह 9:20
मंगल, 30 अप्रैल 2030त्रयोदशीरेवतीदोपहर 3:43 – शाम 5:19
बुध, 1 मई 2030चतुर्दशीरेवतीदोपहर 12:31 – दोपहर 2:07
गुरु, 2 मई 2030अमावस्याअश्विनीदोपहर 2:07 – दोपहर 3:44
शुक्र, 3 मई 2030प्रतिपदाभरणीसुबह 10:55 – दोपहर 12:31

सामान्य प्रश्न

शनि, 27 अप्रैल 2030 को पुणे में कौन सी तिथि है?

सूर्योदय पर तिथि दशमी है; सुबह 11:41 तक।

शनि, 27 अप्रैल 2030 को पुणे में कौन सा नक्षत्र है?

सूर्योदय पर नक्षत्र शतभिषा है; रात 1:25 तक।

शनि, 27 अप्रैल 2030 को पुणे में राहु काल कब है?

पुणे में राहु काल सुबह 9:21 – सुबह 10:56 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।

शनि, 27 अप्रैल 2030 को पुणे में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय सुबह 6:09 और सूर्यास्त शाम 6:54 पर है।

शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?

सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।

कौन सा अयनांश उपयोग होता है?

अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।

क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?

हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।

क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?

ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।