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दैनिक पंचांग

पुदुच्चेरी पंचांग, मंगल, 14 अगस्त 2029

मंगल, 14 अगस्त 2029 को पुदुच्चेरी में सूर्योदय तड़के 5:59 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि पंचमी, नक्षत्र हस्त, योग सिद्ध और करण बव है। राहु काल दोपहर 3:23 – शाम 4:57 है।

सूर्योदय
तड़के 5:59
सूर्यास्त
शाम 6:31
तिथि
पंचमी · शाम 6:21 तक
नक्षत्र
हस्त · सुबह 11:01 तक
योग
सिद्ध
करण
बव
वार
मंगलवार
राहु काल
दोपहर 3:23 – शाम 4:57
यमगंड
सुबह 9:07 – सुबह 10:41
गुलिक काल
दोपहर 12:15 – दोपहर 1:49
अभिजीत मुहूर्त
सुबह 11:44 – दोपहर 12:32
अमृत काल
सुबह 8:20 – सुबह 9:54

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आज पुदुच्चेरी में

मंगल, 14 अगस्त 2029 को पुदुच्चेरी में सूर्योदय तड़के 5:59 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि पंचमी, नक्षत्र हस्त, योग सिद्ध और करण बव है। राहु काल दोपहर 3:23 – शाम 4:57 है।

ये समय कैसे निकाले जाते हैं

इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल पुदुच्चेरी के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।

पुदुच्चेरी – अगले छह दिन
तिथि (दिनांक)तिथिनक्षत्रराहु काल
बुध, 15 अगस्त 2029षष्ठीचित्रादोपहर 12:15 – दोपहर 1:49
गुरु, 16 अगस्त 2029सप्तमीस्वातीदोपहर 1:48 – दोपहर 3:22
शुक्र, 17 अगस्त 2029अष्टमीविशाखासुबह 10:41 – दोपहर 12:14
शनि, 18 अगस्त 2029नवमीज्येष्ठासुबह 9:07 – सुबह 10:40
रवि, 19 अगस्त 2029दशमीमूलशाम 4:55 – शाम 6:28
सोम, 20 अगस्त 2029एकादशीपूर्वाषाढ़ासुबह 7:33 – सुबह 9:07

सामान्य प्रश्न

मंगल, 14 अगस्त 2029 को पुदुच्चेरी में कौन सी तिथि है?

सूर्योदय पर तिथि पंचमी है; शाम 6:21 तक।

मंगल, 14 अगस्त 2029 को पुदुच्चेरी में कौन सा नक्षत्र है?

सूर्योदय पर नक्षत्र हस्त है; सुबह 11:01 तक।

मंगल, 14 अगस्त 2029 को पुदुच्चेरी में राहु काल कब है?

पुदुच्चेरी में राहु काल दोपहर 3:23 – शाम 4:57 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।

मंगल, 14 अगस्त 2029 को पुदुच्चेरी में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय तड़के 5:59 और सूर्यास्त शाम 6:31 पर है।

शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?

सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।

कौन सा अयनांश उपयोग होता है?

अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।

क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?

हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।

क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?

ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।