दैनिक पंचांग
मुंबई पंचांग, शनि, 11 जनवरी 2031
शनि, 11 जनवरी 2031 को मुंबई में सूर्योदय सुबह 7:14 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि तृतीया, नक्षत्र आश्लेषा, योग विष्कम्भ और करण वणिज है। राहु काल सुबह 10:00 – सुबह 11:23 है।
- सूर्योदय
- सुबह 7:14
- सूर्यास्त
- शाम 6:18
- तिथि
- तृतीया · तड़के 5:25 तक
- नक्षत्र
- आश्लेषा · रात 11:05 तक
- योग
- विष्कम्भ
- करण
- वणिज
- वार
- शनिवार
- राहु काल
- सुबह 10:00 – सुबह 11:23
- यमगंड
- दोपहर 2:09 – दोपहर 3:32
- गुलिक काल
- सुबह 7:14 – सुबह 8:37
- अभिजीत मुहूर्त
- दोपहर 12:18 – दोपहर 1:06
- अमृत काल
- दोपहर 2:50 – शाम 4:13
आज मुंबई में
शनि, 11 जनवरी 2031 को मुंबई में सूर्योदय सुबह 7:14 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि तृतीया, नक्षत्र आश्लेषा, योग विष्कम्भ और करण वणिज है। राहु काल सुबह 10:00 – सुबह 11:23 है।
ये समय कैसे निकाले जाते हैं
इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल मुंबई के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।
| तिथि (दिनांक) | तिथि | नक्षत्र | राहु काल |
|---|---|---|---|
| रवि, 12 जनवरी 2031 | चतुर्थी | मघा | शाम 4:55 – शाम 6:19 |
| सोम, 13 जनवरी 2031 | चतुर्थी | पूर्वा फाल्गुनी | सुबह 8:37 – सुबह 10:00 |
| मंगल, 14 जनवरी 2031 | पंचमी | उत्तरा फाल्गुनी | दोपहर 3:33 – शाम 4:57 |
| बुध, 15 जनवरी 2031 | षष्ठी | हस्त | दोपहर 12:47 – दोपहर 2:11 |
| गुरु, 16 जनवरी 2031 | सप्तमी | चित्रा | दोपहर 2:11 – दोपहर 3:34 |
| शुक्र, 17 जनवरी 2031 | अष्टमी | स्वाती | सुबह 11:25 – दोपहर 12:48 |
सामान्य प्रश्न
शनि, 11 जनवरी 2031 को मुंबई में कौन सी तिथि है?
सूर्योदय पर तिथि तृतीया है; तड़के 5:25 तक।
शनि, 11 जनवरी 2031 को मुंबई में कौन सा नक्षत्र है?
सूर्योदय पर नक्षत्र आश्लेषा है; रात 11:05 तक।
शनि, 11 जनवरी 2031 को मुंबई में राहु काल कब है?
मुंबई में राहु काल सुबह 10:00 – सुबह 11:23 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।
शनि, 11 जनवरी 2031 को मुंबई में सूर्योदय कब है?
सूर्योदय सुबह 7:14 और सूर्यास्त शाम 6:18 पर है।
शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?
सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।
कौन सा अयनांश उपयोग होता है?
अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।
क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?
हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।
क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?
ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।