सामग्री पर जाएँ

दैनिक पंचांग

मुंबई पंचांग, सोम, 22 अप्रैल 2030

सोम, 22 अप्रैल 2030 को मुंबई में सूर्योदय सुबह 6:16 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि पंचमी, नक्षत्र मूल, योग वरीयान और करण कौलव है। राहु काल सुबह 7:51 – सुबह 9:26 है।

सूर्योदय
सुबह 6:16
सूर्यास्त
शाम 6:57
तिथि
पंचमी · शाम 4:23 तक
नक्षत्र
मूल · रात 1:14 तक
योग
वरीयान
करण
कौलव
वार
सोमवार
राहु काल
सुबह 7:51 – सुबह 9:26
यमगंड
सुबह 11:01 – दोपहर 12:37
गुलिक काल
दोपहर 2:12 – दोपहर 3:47
अभिजीत मुहूर्त
दोपहर 12:05 – दोपहर 12:53
अमृत काल
सुबह 7:03 – सुबह 8:39

पूरा पंचांग खोलें

आज मुंबई में

सोम, 22 अप्रैल 2030 को मुंबई में सूर्योदय सुबह 6:16 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि पंचमी, नक्षत्र मूल, योग वरीयान और करण कौलव है। राहु काल सुबह 7:51 – सुबह 9:26 है।

ये समय कैसे निकाले जाते हैं

इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल मुंबई के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।

मुंबई – अगले छह दिन
तिथि (दिनांक)तिथिनक्षत्रराहु काल
मंगल, 23 अप्रैल 2030षष्ठीपूर्वाषाढ़ादोपहर 3:47 – शाम 5:22
बुध, 24 अप्रैल 2030सप्तमीउत्तराषाढ़ादोपहर 12:36 – दोपहर 2:12
गुरु, 25 अप्रैल 2030अष्टमीश्रवणदोपहर 2:12 – दोपहर 3:47
शुक्र, 26 अप्रैल 2030नवमीधनिष्ठासुबह 11:00 – दोपहर 12:36
शनि, 27 अप्रैल 2030दशमीशतभिषासुबह 9:24 – सुबह 11:00
रवि, 28 अप्रैल 2030एकादशीपूर्वा भाद्रपदशाम 5:23 – शाम 6:59

सामान्य प्रश्न

सोम, 22 अप्रैल 2030 को मुंबई में कौन सी तिथि है?

सूर्योदय पर तिथि पंचमी है; शाम 4:23 तक।

सोम, 22 अप्रैल 2030 को मुंबई में कौन सा नक्षत्र है?

सूर्योदय पर नक्षत्र मूल है; रात 1:14 तक।

सोम, 22 अप्रैल 2030 को मुंबई में राहु काल कब है?

मुंबई में राहु काल सुबह 7:51 – सुबह 9:26 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।

सोम, 22 अप्रैल 2030 को मुंबई में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय सुबह 6:16 और सूर्यास्त शाम 6:57 पर है।

शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?

सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।

कौन सा अयनांश उपयोग होता है?

अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।

क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?

हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।

क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?

ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।