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दैनिक पंचांग

लखनऊ पंचांग, रवि, 7 दिसंबर 2031

रवि, 7 दिसंबर 2031 को लखनऊ में सूर्योदय सुबह 6:41 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि अष्टमी, नक्षत्र पूर्वा फाल्गुनी, योग Vishkumbha और करण बालव है। राहु काल दोपहर 3:54 – शाम 5:13 है।

सूर्योदय
सुबह 6:41
सूर्यास्त
शाम 5:13
तिथि
अष्टमी · रात 9:41 तक
नक्षत्र
पूर्वा फाल्गुनी · रात 8:57 तक
योग
Vishkumbha
करण
बालव
वार
रविवार
राहु काल
दोपहर 3:54 – शाम 5:13
यमगंड
सुबह 11:57 – दोपहर 1:16
गुलिक काल
दोपहर 2:35 – दोपहर 3:54
अभिजीत मुहूर्त
सुबह 11:31 – दोपहर 12:19
अमृत काल
दोपहर 12:36 – दोपहर 1:55

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आज लखनऊ में

रवि, 7 दिसंबर 2031 को लखनऊ में सूर्योदय सुबह 6:41 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि अष्टमी, नक्षत्र पूर्वा फाल्गुनी, योग Vishkumbha और करण बालव है। राहु काल दोपहर 3:54 – शाम 5:13 है।

ये समय कैसे निकाले जाते हैं

इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल लखनऊ के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।

लखनऊ – अगले छह दिन
तिथि (दिनांक)तिथिनक्षत्रराहु काल
सोम, 8 दिसंबर 2031नवमीउत्तरा फाल्गुनीसुबह 8:01 – सुबह 9:20
मंगल, 9 दिसंबर 2031दशमीहस्तदोपहर 2:35 – दोपहर 3:54
बुध, 10 दिसंबर 2031एकादशीचित्रासुबह 11:58 – दोपहर 1:17
गुरु, 11 दिसंबर 2031द्वादशीस्वातीदोपहर 1:17 – दोपहर 2:36
शुक्र, 12 दिसंबर 2031त्रयोदशीविशाखासुबह 10:41 – सुबह 11:59
शनि, 13 दिसंबर 2031चतुर्दशीअनुराधासुबह 9:22 – सुबह 10:41

सामान्य प्रश्न

रवि, 7 दिसंबर 2031 को लखनऊ में कौन सी तिथि है?

सूर्योदय पर तिथि अष्टमी है; रात 9:41 तक।

रवि, 7 दिसंबर 2031 को लखनऊ में कौन सा नक्षत्र है?

सूर्योदय पर नक्षत्र पूर्वा फाल्गुनी है; रात 8:57 तक।

रवि, 7 दिसंबर 2031 को लखनऊ में राहु काल कब है?

लखनऊ में राहु काल दोपहर 3:54 – शाम 5:13 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।

रवि, 7 दिसंबर 2031 को लखनऊ में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय सुबह 6:41 और सूर्यास्त शाम 5:13 पर है।

शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?

सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।

कौन सा अयनांश उपयोग होता है?

अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।

क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?

हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।

क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?

ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।