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दैनिक पंचांग

गुवाहाटी पंचांग, सोम, 3 जून 2030

सोम, 3 जून 2030 को गुवाहाटी में सूर्योदय तड़के 4:30 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि द्वितीया, नक्षत्र आर्द्रा, योग धृति और करण कौलव है। राहु काल सुबह 6:13 – सुबह 7:55 है।

सूर्योदय
तड़के 4:30
सूर्यास्त
शाम 6:11
तिथि
द्वितीया · शाम 4:38 तक
नक्षत्र
आर्द्रा · सुबह 7:18 तक
योग
धृति
करण
कौलव
वार
सोमवार
राहु काल
सुबह 6:13 – सुबह 7:55
यमगंड
सुबह 9:38 – सुबह 11:21
गुलिक काल
दोपहर 1:03 – दोपहर 2:46
अभिजीत मुहूर्त
सुबह 10:47 – सुबह 11:35
अमृत काल
तड़के 5:22 – सुबह 7:04

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आज गुवाहाटी में

सोम, 3 जून 2030 को गुवाहाटी में सूर्योदय तड़के 4:30 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि द्वितीया, नक्षत्र आर्द्रा, योग धृति और करण कौलव है। राहु काल सुबह 6:13 – सुबह 7:55 है।

ये समय कैसे निकाले जाते हैं

इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल गुवाहाटी के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।

गुवाहाटी – अगले छह दिन
तिथि (दिनांक)तिथिनक्षत्रराहु काल
मंगल, 4 जून 2030तृतीयाआर्द्रादोपहर 2:46 – शाम 4:29
बुध, 5 जून 2030चतुर्थीपुनर्वसुसुबह 11:21 – दोपहर 1:04
गुरु, 6 जून 2030पंचमीपुष्यदोपहर 1:04 – दोपहर 2:47
शुक्र, 7 जून 2030षष्ठीआश्लेषासुबह 9:39 – सुबह 11:21
शनि, 8 जून 2030सप्तमीमघासुबह 7:56 – सुबह 9:39
रवि, 9 जून 2030अष्टमीपूर्वा फाल्गुनीशाम 4:31 – शाम 6:14

सामान्य प्रश्न

सोम, 3 जून 2030 को गुवाहाटी में कौन सी तिथि है?

सूर्योदय पर तिथि द्वितीया है; शाम 4:38 तक।

सोम, 3 जून 2030 को गुवाहाटी में कौन सा नक्षत्र है?

सूर्योदय पर नक्षत्र आर्द्रा है; सुबह 7:18 तक।

सोम, 3 जून 2030 को गुवाहाटी में राहु काल कब है?

गुवाहाटी में राहु काल सुबह 6:13 – सुबह 7:55 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।

सोम, 3 जून 2030 को गुवाहाटी में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय तड़के 4:30 और सूर्यास्त शाम 6:11 पर है।

शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?

सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।

कौन सा अयनांश उपयोग होता है?

अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।

क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?

हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।

क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?

ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।