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दैनिक पंचांग

दिल्ली पंचांग, शुक्र, 23 जनवरी 2032

शुक्र, 23 जनवरी 2032 को दिल्ली में सूर्योदय सुबह 7:13 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि एकादशी, नक्षत्र रोहिणी, योग शुक्ल और करण विष्टि है। राहु काल सुबह 11:13 – दोपहर 12:32 है।

सूर्योदय
सुबह 7:13
सूर्यास्त
शाम 5:52
तिथि
एकादशी · सुबह 9:04 तक
नक्षत्र
रोहिणी · दोपहर 2:56 तक
योग
शुक्ल
करण
विष्टि
वार
शुक्रवार
राहु काल
सुबह 11:13 – दोपहर 12:32
यमगंड
दोपहर 3:12 – शाम 4:32
गुलिक काल
सुबह 8:33 – सुबह 9:53
अभिजीत मुहूर्त
दोपहर 12:06 – दोपहर 12:54
अमृत काल
दोपहर 1:12 – दोपहर 2:32

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आज दिल्ली में

शुक्र, 23 जनवरी 2032 को दिल्ली में सूर्योदय सुबह 7:13 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि एकादशी, नक्षत्र रोहिणी, योग शुक्ल और करण विष्टि है। राहु काल सुबह 11:13 – दोपहर 12:32 है।

ये समय कैसे निकाले जाते हैं

इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल दिल्ली के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।

दिल्ली – अगले छह दिन
तिथि (दिनांक)तिथिनक्षत्रराहु काल
शनि, 24 जनवरी 2032द्वादशीमृगशिरासुबह 9:53 – सुबह 11:13
रवि, 25 जनवरी 2032त्रयोदशीआर्द्राशाम 4:33 – शाम 5:54
सोम, 26 जनवरी 2032चतुर्दशीपुनर्वसुसुबह 8:32 – सुबह 9:53
मंगल, 27 जनवरी 2032पूर्णिमापुष्यदोपहर 3:14 – शाम 4:35
बुध, 28 जनवरी 2032प्रतिपदाआश्लेषादोपहर 12:34 – दोपहर 1:54
गुरु, 29 जनवरी 2032द्वितीयामघादोपहर 1:55 – दोपहर 3:15

सामान्य प्रश्न

शुक्र, 23 जनवरी 2032 को दिल्ली में कौन सी तिथि है?

सूर्योदय पर तिथि एकादशी है; सुबह 9:04 तक।

शुक्र, 23 जनवरी 2032 को दिल्ली में कौन सा नक्षत्र है?

सूर्योदय पर नक्षत्र रोहिणी है; दोपहर 2:56 तक।

शुक्र, 23 जनवरी 2032 को दिल्ली में राहु काल कब है?

दिल्ली में राहु काल सुबह 11:13 – दोपहर 12:32 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।

शुक्र, 23 जनवरी 2032 को दिल्ली में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय सुबह 7:13 और सूर्यास्त शाम 5:52 पर है।

शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?

सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।

कौन सा अयनांश उपयोग होता है?

अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।

क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?

हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।

क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?

ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।