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दैनिक पंचांग

चेन्नई पंचांग, रवि, 12 मई 2030

रवि, 12 मई 2030 को चेन्नई में सूर्योदय तड़के 5:44 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि नवमी, नक्षत्र मघा, योग वृद्धि और करण कौलव है। राहु काल शाम 4:51 – शाम 6:26 है।

सूर्योदय
तड़के 5:44
सूर्यास्त
शाम 6:26
तिथि
नवमी · सुबह 10:00 तक
नक्षत्र
मघा · सुबह 6:37 तक
योग
वृद्धि
करण
कौलव
वार
रविवार
राहु काल
शाम 4:51 – शाम 6:26
यमगंड
दोपहर 12:05 – दोपहर 1:40
गुलिक काल
दोपहर 3:15 – शाम 4:51
अभिजीत मुहूर्त
सुबह 11:33 – दोपहर 12:21
अमृत काल
दोपहर 12:53 – दोपहर 2:28

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आज चेन्नई में

रवि, 12 मई 2030 को चेन्नई में सूर्योदय तड़के 5:44 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि नवमी, नक्षत्र मघा, योग वृद्धि और करण कौलव है। राहु काल शाम 4:51 – शाम 6:26 है।

ये समय कैसे निकाले जाते हैं

इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल चेन्नई के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।

चेन्नई – अगले छह दिन
तिथि (दिनांक)तिथिनक्षत्रराहु काल
सोम, 13 मई 2030दशमीपूर्वा फाल्गुनीसुबह 7:19 – सुबह 8:54
मंगल, 14 मई 2030एकादशीहस्तदोपहर 3:16 – शाम 4:51
बुध, 15 मई 2030त्रयोदशीचित्रादोपहर 12:05 – दोपहर 1:40
गुरु, 16 मई 2030चतुर्दशीस्वातीदोपहर 1:40 – दोपहर 3:16
शुक्र, 17 मई 2030पूर्णिमाविशाखासुबह 10:29 – दोपहर 12:05
शनि, 18 मई 2030प्रतिपदाअनुराधासुबह 8:54 – सुबह 10:29

सामान्य प्रश्न

रवि, 12 मई 2030 को चेन्नई में कौन सी तिथि है?

सूर्योदय पर तिथि नवमी है; सुबह 10:00 तक।

रवि, 12 मई 2030 को चेन्नई में कौन सा नक्षत्र है?

सूर्योदय पर नक्षत्र मघा है; सुबह 6:37 तक।

रवि, 12 मई 2030 को चेन्नई में राहु काल कब है?

चेन्नई में राहु काल शाम 4:51 – शाम 6:26 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।

रवि, 12 मई 2030 को चेन्नई में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय तड़के 5:44 और सूर्यास्त शाम 6:26 पर है।

शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?

सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।

कौन सा अयनांश उपयोग होता है?

अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।

क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?

हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।

क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?

ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।