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दैनिक पंचांग

चंडीगढ़ पंचांग, शुक्र, 12 अक्टूबर 2029

शुक्र, 12 अक्टूबर 2029 को चंडीगढ़ में सूर्योदय सुबह 6:23 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि पंचमी, नक्षत्र ज्येष्ठा, योग आयुष्मान और करण बालव है। राहु काल सुबह 10:42 – दोपहर 12:09 है।

सूर्योदय
सुबह 6:23
सूर्यास्त
शाम 5:54
तिथि
पंचमी · सुबह 8:05 तक
नक्षत्र
ज्येष्ठा · शाम 4:56 तक
योग
आयुष्मान
करण
बालव
वार
शुक्रवार
राहु काल
सुबह 10:42 – दोपहर 12:09
यमगंड
दोपहर 3:02 – शाम 4:28
गुलिक काल
सुबह 7:49 – सुबह 9:16
अभिजीत मुहूर्त
सुबह 11:40 – दोपहर 12:28
अमृत काल
दोपहर 12:52 – दोपहर 2:18

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आज चंडीगढ़ में

शुक्र, 12 अक्टूबर 2029 को चंडीगढ़ में सूर्योदय सुबह 6:23 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि पंचमी, नक्षत्र ज्येष्ठा, योग आयुष्मान और करण बालव है। राहु काल सुबह 10:42 – दोपहर 12:09 है।

ये समय कैसे निकाले जाते हैं

इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल चंडीगढ़ के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।

चंडीगढ़ – अगले छह दिन
तिथि (दिनांक)तिथिनक्षत्रराहु काल
शनि, 13 अक्टूबर 2029षष्ठीमूलसुबह 9:16 – सुबह 10:42
रवि, 14 अक्टूबर 2029अष्टमीपूर्वाषाढ़ाशाम 4:26 – शाम 5:52
सोम, 15 अक्टूबर 2029नवमीउत्तराषाढ़ासुबह 7:51 – सुबह 9:16
मंगल, 16 अक्टूबर 2029दशमीश्रवणदोपहर 2:59 – शाम 4:24
बुध, 17 अक्टूबर 2029एकादशीधनिष्ठादोपहर 12:08 – दोपहर 1:33
गुरु, 18 अक्टूबर 2029एकादशीशतभिषादोपहर 1:32 – दोपहर 2:58

सामान्य प्रश्न

शुक्र, 12 अक्टूबर 2029 को चंडीगढ़ में कौन सी तिथि है?

सूर्योदय पर तिथि पंचमी है; सुबह 8:05 तक।

शुक्र, 12 अक्टूबर 2029 को चंडीगढ़ में कौन सा नक्षत्र है?

सूर्योदय पर नक्षत्र ज्येष्ठा है; शाम 4:56 तक।

शुक्र, 12 अक्टूबर 2029 को चंडीगढ़ में राहु काल कब है?

चंडीगढ़ में राहु काल सुबह 10:42 – दोपहर 12:09 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।

शुक्र, 12 अक्टूबर 2029 को चंडीगढ़ में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय सुबह 6:23 और सूर्यास्त शाम 5:54 पर है।

शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?

सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।

कौन सा अयनांश उपयोग होता है?

अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।

क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?

हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।

क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?

ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।