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दैनिक पंचांग

बेंगलुरु पंचांग, बुध, 27 नवंबर 2030

बुध, 27 नवंबर 2030 को बेंगलुरु में सूर्योदय सुबह 6:23 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि तृतीया, नक्षत्र मूल, योग सुकर्मा और करण तैतिल है। राहु काल दोपहर 12:07 – दोपहर 1:32 है।

सूर्योदय
सुबह 6:23
सूर्यास्त
शाम 5:50
तिथि
तृतीया · रात 1:35 तक
नक्षत्र
मूल · रात 7:10 तक
योग
सुकर्मा
करण
तैतिल
वार
बुधवार
राहु काल
दोपहर 12:07 – दोपहर 1:32
यमगंड
सुबह 7:49 – सुबह 9:15
गुलिक काल
सुबह 10:41 – दोपहर 12:07
अभिजीत मुहूर्त
सुबह 11:38 – दोपहर 12:26
अमृत काल
सुबह 9:58 – सुबह 11:24

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आज बेंगलुरु में

बुध, 27 नवंबर 2030 को बेंगलुरु में सूर्योदय सुबह 6:23 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि तृतीया, नक्षत्र मूल, योग सुकर्मा और करण तैतिल है। राहु काल दोपहर 12:07 – दोपहर 1:32 है।

ये समय कैसे निकाले जाते हैं

इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल बेंगलुरु के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।

बेंगलुरु – अगले छह दिन
तिथि (दिनांक)तिथिनक्षत्रराहु काल
गुरु, 28 नवंबर 2030चतुर्थीपूर्वाषाढ़ादोपहर 1:33 – दोपहर 2:59
शुक्र, 29 नवंबर 2030पंचमीउत्तराषाढ़ासुबह 10:42 – दोपहर 12:07
शनि, 30 नवंबर 2030षष्ठीश्रवणसुबह 9:16 – सुबह 10:42
रवि, 1 दिसंबर 2030सप्तमीधनिष्ठाशाम 4:25 – शाम 5:51
सोम, 2 दिसंबर 2030अष्टमीशतभिषासुबह 7:52 – सुबह 9:17
मंगल, 3 दिसंबर 2030नवमीपूर्वा भाद्रपददोपहर 3:00 – शाम 4:26

सामान्य प्रश्न

बुध, 27 नवंबर 2030 को बेंगलुरु में कौन सी तिथि है?

सूर्योदय पर तिथि तृतीया है; रात 1:35 तक।

बुध, 27 नवंबर 2030 को बेंगलुरु में कौन सा नक्षत्र है?

सूर्योदय पर नक्षत्र मूल है; रात 7:10 तक।

बुध, 27 नवंबर 2030 को बेंगलुरु में राहु काल कब है?

बेंगलुरु में राहु काल दोपहर 12:07 – दोपहर 1:32 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।

बुध, 27 नवंबर 2030 को बेंगलुरु में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय सुबह 6:23 और सूर्यास्त शाम 5:50 पर है।

शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?

सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।

कौन सा अयनांश उपयोग होता है?

अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।

क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?

हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।

क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?

ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।