सामग्री पर जाएँ

दैनिक पंचांग

अहमदाबाद पंचांग, रवि, 28 सितंबर 2031

रवि, 28 सितंबर 2031 को अहमदाबाद में सूर्योदय सुबह 6:30 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि द्वादशी, नक्षत्र धनिष्ठा, योग सुकर्मा और करण बालव है। राहु काल शाम 5:00 – शाम 6:30 है।

सूर्योदय
सुबह 6:30
सूर्यास्त
शाम 6:30
तिथि
द्वादशी · सुबह 7:37 तक
नक्षत्र
धनिष्ठा · सुबह 11:15 तक
योग
सुकर्मा
करण
बालव
वार
रविवार
राहु काल
शाम 5:00 – शाम 6:30
यमगंड
दोपहर 12:30 – दोपहर 2:00
गुलिक काल
दोपहर 3:30 – शाम 5:00
अभिजीत मुहूर्त
दोपहर 12:00 – दोपहर 12:48
अमृत काल
दोपहर 1:15 – दोपहर 2:45

पूरा पंचांग खोलें

आज अहमदाबाद में

रवि, 28 सितंबर 2031 को अहमदाबाद में सूर्योदय सुबह 6:30 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि द्वादशी, नक्षत्र धनिष्ठा, योग सुकर्मा और करण बालव है। राहु काल शाम 5:00 – शाम 6:30 है।

ये समय कैसे निकाले जाते हैं

इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल अहमदाबाद के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।

अहमदाबाद – अगले छह दिन
तिथि (दिनांक)तिथिनक्षत्रराहु काल
सोम, 29 सितंबर 2031चतुर्दशीशतभिषासुबह 8:00 – सुबह 9:30
मंगल, 30 सितंबर 2031पूर्णिमापूर्वा भाद्रपददोपहर 3:29 – शाम 4:58
बुध, 1 अक्टूबर 2031प्रतिपदाउत्तरा भाद्रपददोपहर 12:29 – दोपहर 1:58
गुरु, 2 अक्टूबर 2031द्वितीयारेवतीदोपहर 1:58 – दोपहर 3:27
शुक्र, 3 अक्टूबर 2031तृतीयाअश्विनीसुबह 10:59 – दोपहर 12:28
शनि, 4 अक्टूबर 2031चतुर्थीभरणीसुबह 9:30 – सुबह 10:59

सामान्य प्रश्न

रवि, 28 सितंबर 2031 को अहमदाबाद में कौन सी तिथि है?

सूर्योदय पर तिथि द्वादशी है; सुबह 7:37 तक।

रवि, 28 सितंबर 2031 को अहमदाबाद में कौन सा नक्षत्र है?

सूर्योदय पर नक्षत्र धनिष्ठा है; सुबह 11:15 तक।

रवि, 28 सितंबर 2031 को अहमदाबाद में राहु काल कब है?

अहमदाबाद में राहु काल शाम 5:00 – शाम 6:30 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।

रवि, 28 सितंबर 2031 को अहमदाबाद में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय सुबह 6:30 और सूर्यास्त शाम 6:30 पर है।

शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?

सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।

कौन सा अयनांश उपयोग होता है?

अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।

क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?

हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।

क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?

ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।