दैनिक पंचांग
अहमदाबाद पंचांग, रवि, 10 अगस्त 2031
रवि, 10 अगस्त 2031 को अहमदाबाद में सूर्योदय सुबह 6:14 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि अष्टमी, नक्षत्र भरणी, योग गण्ड और करण बालव है। राहु काल शाम 5:38 – रात 7:15 है।
- सूर्योदय
- सुबह 6:14
- सूर्यास्त
- रात 7:15
- तिथि
- अष्टमी · शाम 6:31 तक
- नक्षत्र
- भरणी · दोपहर 1:09 तक
- योग
- गण्ड
- करण
- बालव
- वार
- रविवार
- राहु काल
- शाम 5:38 – रात 7:15
- यमगंड
- दोपहर 12:45 – दोपहर 2:22
- गुलिक काल
- शाम 4:00 – शाम 5:38
- अभिजीत मुहूर्त
- दोपहर 12:12 – दोपहर 1:00
- अमृत काल
- दोपहर 1:33 – दोपहर 3:11
आज अहमदाबाद में
रवि, 10 अगस्त 2031 को अहमदाबाद में सूर्योदय सुबह 6:14 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि अष्टमी, नक्षत्र भरणी, योग गण्ड और करण बालव है। राहु काल शाम 5:38 – रात 7:15 है।
ये समय कैसे निकाले जाते हैं
इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल अहमदाबाद के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।
| तिथि (दिनांक) | तिथि | नक्षत्र | राहु काल |
|---|---|---|---|
| सोम, 11 अगस्त 2031 | नवमी | कृत्तिका | सुबह 7:52 – सुबह 9:29 |
| मंगल, 12 अगस्त 2031 | दशमी | रोहिणी | दोपहर 3:59 – शाम 5:37 |
| बुध, 13 अगस्त 2031 | एकादशी | मृगशिरा | दोपहर 12:44 – दोपहर 2:21 |
| गुरु, 14 अगस्त 2031 | द्वादशी | आर्द्रा | दोपहर 2:21 – दोपहर 3:58 |
| शुक्र, 15 अगस्त 2031 | त्रयोदशी | पुनर्वसु | सुबह 11:07 – दोपहर 12:44 |
| शनि, 16 अगस्त 2031 | त्रयोदशी | पुष्य | सुबह 9:30 – सुबह 11:07 |
सामान्य प्रश्न
रवि, 10 अगस्त 2031 को अहमदाबाद में कौन सी तिथि है?
सूर्योदय पर तिथि अष्टमी है; शाम 6:31 तक।
रवि, 10 अगस्त 2031 को अहमदाबाद में कौन सा नक्षत्र है?
सूर्योदय पर नक्षत्र भरणी है; दोपहर 1:09 तक।
रवि, 10 अगस्त 2031 को अहमदाबाद में राहु काल कब है?
अहमदाबाद में राहु काल शाम 5:38 – रात 7:15 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।
रवि, 10 अगस्त 2031 को अहमदाबाद में सूर्योदय कब है?
सूर्योदय सुबह 6:14 और सूर्यास्त रात 7:15 पर है।
शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?
सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।
कौन सा अयनांश उपयोग होता है?
अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।
क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?
हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।
क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?
ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।