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दैनिक पंचांग

अहमदाबाद पंचांग, मंगल, 23 अप्रैल 2030

मंगल, 23 अप्रैल 2030 को अहमदाबाद में सूर्योदय सुबह 6:12 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि षष्ठी, नक्षत्र पूर्वाषाढ़ा, योग परिघ और करण वणिज है। राहु काल दोपहर 3:50 – शाम 5:27 है।

सूर्योदय
सुबह 6:12
सूर्यास्त
रात 7:03
तिथि
षष्ठी · दोपहर 2:15 तक
नक्षत्र
पूर्वाषाढ़ा · रात 12:04 तक
योग
परिघ
करण
वणिज
वार
मंगलवार
राहु काल
दोपहर 3:50 – शाम 5:27
यमगंड
सुबह 9:25 – सुबह 11:01
गुलिक काल
दोपहर 12:38 – दोपहर 2:14
अभिजीत मुहूर्त
दोपहर 12:06 – दोपहर 12:54
अमृत काल
सुबह 8:37 – सुबह 10:13

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आज अहमदाबाद में

मंगल, 23 अप्रैल 2030 को अहमदाबाद में सूर्योदय सुबह 6:12 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि षष्ठी, नक्षत्र पूर्वाषाढ़ा, योग परिघ और करण वणिज है। राहु काल दोपहर 3:50 – शाम 5:27 है।

ये समय कैसे निकाले जाते हैं

इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल अहमदाबाद के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।

अहमदाबाद – अगले छह दिन
तिथि (दिनांक)तिथिनक्षत्रराहु काल
बुध, 24 अप्रैल 2030सप्तमीउत्तराषाढ़ादोपहर 12:38 – दोपहर 2:14
गुरु, 25 अप्रैल 2030अष्टमीश्रवणदोपहर 2:14 – दोपहर 3:51
शुक्र, 26 अप्रैल 2030नवमीधनिष्ठासुबह 11:00 – दोपहर 12:37
शनि, 27 अप्रैल 2030दशमीशतभिषासुबह 9:23 – सुबह 11:00
रवि, 28 अप्रैल 2030एकादशीपूर्वा भाद्रपदशाम 5:28 – रात 7:05
सोम, 29 अप्रैल 2030द्वादशीउत्तरा भाद्रपदसुबह 7:45 – सुबह 9:22

सामान्य प्रश्न

मंगल, 23 अप्रैल 2030 को अहमदाबाद में कौन सी तिथि है?

सूर्योदय पर तिथि षष्ठी है; दोपहर 2:15 तक।

मंगल, 23 अप्रैल 2030 को अहमदाबाद में कौन सा नक्षत्र है?

सूर्योदय पर नक्षत्र पूर्वाषाढ़ा है; रात 12:04 तक।

मंगल, 23 अप्रैल 2030 को अहमदाबाद में राहु काल कब है?

अहमदाबाद में राहु काल दोपहर 3:50 – शाम 5:27 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।

मंगल, 23 अप्रैल 2030 को अहमदाबाद में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय सुबह 6:12 और सूर्यास्त रात 7:03 पर है।

शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?

सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।

कौन सा अयनांश उपयोग होता है?

अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।

क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?

हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।

क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?

ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।