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दैनिक पंचांग

अहमदाबाद पंचांग, शनि, 19 जनवरी 2030

शनि, 19 जनवरी 2030 को अहमदाबाद में सूर्योदय सुबह 7:22 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि पूर्णिमा, नक्षत्र पुनर्वसु, योग Vishkumbha और करण विष्टि है। राहु काल सुबह 10:06 – सुबह 11:28 है।

सूर्योदय
सुबह 7:22
सूर्यास्त
शाम 6:18
तिथि
पूर्णिमा · रात 9:24 तक
नक्षत्र
पुनर्वसु · शाम 5:41 तक
योग
Vishkumbha
करण
विष्टि
वार
शनिवार
राहु काल
सुबह 10:06 – सुबह 11:28
यमगंड
दोपहर 2:12 – दोपहर 3:34
गुलिक काल
सुबह 7:22 – सुबह 8:44
अभिजीत मुहूर्त
दोपहर 12:23 – दोपहर 1:11
अमृत काल
दोपहर 2:53 – शाम 4:15

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आज अहमदाबाद में

शनि, 19 जनवरी 2030 को अहमदाबाद में सूर्योदय सुबह 7:22 पर होता है। सूर्योदय पर तिथि पूर्णिमा, नक्षत्र पुनर्वसु, योग Vishkumbha और करण विष्टि है। राहु काल सुबह 10:06 – सुबह 11:28 है।

ये समय कैसे निकाले जाते हैं

इस पृष्ठ का सूर्योदय, सूर्यास्त और सभी काल अहमदाबाद के अक्षांश-देशांतर के लिए, लाहिड़ी अयनांश के साथ दृक् गणित से निकाले गए हैं। पंचांग का दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है; समाप्ति समय के साथ दिखाई गई तिथि या नक्षत्र उसी दिन बदल जाता है। राहु काल, यमगंड और गुलिक काल वार के अनुसार दिनमान का आठवाँ भाग हैं।

अहमदाबाद – अगले छह दिन
तिथि (दिनांक)तिथिनक्षत्रराहु काल
रवि, 20 जनवरी 2030प्रतिपदापुष्यशाम 4:56 – शाम 6:18
सोम, 21 जनवरी 2030द्वितीयाआश्लेषासुबह 8:44 – सुबह 10:06
मंगल, 22 जनवरी 2030तृतीयामघादोपहर 3:35 – शाम 4:58
बुध, 23 जनवरी 2030चतुर्थीपूर्वा फाल्गुनीदोपहर 12:51 – दोपहर 2:13
गुरु, 24 जनवरी 2030पंचमीउत्तरा फाल्गुनीदोपहर 2:14 – दोपहर 3:36
शुक्र, 25 जनवरी 2030षष्ठीहस्तसुबह 11:29 – दोपहर 12:52

सामान्य प्रश्न

शनि, 19 जनवरी 2030 को अहमदाबाद में कौन सी तिथि है?

सूर्योदय पर तिथि पूर्णिमा है; रात 9:24 तक।

शनि, 19 जनवरी 2030 को अहमदाबाद में कौन सा नक्षत्र है?

सूर्योदय पर नक्षत्र पुनर्वसु है; शाम 5:41 तक।

शनि, 19 जनवरी 2030 को अहमदाबाद में राहु काल कब है?

अहमदाबाद में राहु काल सुबह 10:06 – सुबह 11:28 है। नए काम शुरू करने के लिए इसे पारंपरिक रूप से टाला जाता है।

शनि, 19 जनवरी 2030 को अहमदाबाद में सूर्योदय कब है?

सूर्योदय सुबह 7:22 और सूर्यास्त शाम 6:18 पर है।

शहरों के बीच पंचांग समय अलग क्यों होता है?

सूर्योदय और दैनिक काल अक्षांश-देशांतर पर निर्भर हैं; तिथि और नक्षत्र एक ही क्षण बदलते हैं, पर स्थानीय समय अलग होता है।

कौन सा अयनांश उपयोग होता है?

अधिकांश भारतीय पंचांगों द्वारा अपनाया गया लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश।

क्या दूसरी तिथि देख सकते हैं?

हाँ। आगे के दिनों की तालिका देखें या पंचांग टूल में कोई भी तिथि और स्थान चुनें।

क्या यह दृक् गणित है या वाक्य?

ये पृष्ठ दृक् गणित का उपयोग करते हैं। पंचांग टूल में कई तमिल मंदिरों द्वारा अपनाई गई वाक्य पद्धति भी उपलब्ध है।